मध्य प्रदेश सरकार ने जनवरी से जून 2026 तक के शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए अपनी विदेशी छात्रवृत्ति योजना के लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं। इस योजना का उद्देश्य विदेशी विश्वविद्यालयों में मास्टर और पीएचडी कार्यक्रमों में प्रवेश पाने के इच्छुक छात्रों का समर्थन करना है। आवेदन जमा करने की अंतिम तिथि 25 मई 2026 शाम 6 बजे तक है।उच्च शिक्षा विभाग द्वारा जारी विवरण के अनुसार, छात्रवृत्ति योजना विदेश में उच्च शिक्षा प्राप्त करने वाले पात्र छात्रों को वित्तीय सहायता प्रदान करेगी। योजना से संबंधित जानकारी विभाग की आधिकारिक वेबसाइट पर प्रकाशित की गई है, जबकि उच्च शिक्षा आयुक्त कार्यालय, सतपुड़ा भवन, भोपाल आवेदन प्रक्रिया की निगरानी करेगा।आवेदकों के लिए पात्रता मानदंडयोजना के दिशानिर्देशों में कहा गया है कि आवेदकों को अनुसूचित जाति वर्ग से संबंधित होना चाहिए और मध्य प्रदेश का निवासी होना चाहिए। उम्मीदवारों के पास उप-विभागीय अधिकारी (राजस्व) या समकक्ष रैंक के अधिकारी द्वारा जारी स्थायी जाति प्रमाण पत्र होना आवश्यक है।आवेदकों की आयु 18 वर्ष से अधिक और 35 वर्ष से कम होनी चाहिए। आवेदक या अभिभावक की सभी स्रोतों से वार्षिक सकल आय 6 लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए। विभाग ने यह भी कहा है कि आवेदक द्वारा चुने गए विदेशी संस्थान की क्यूएस या टाइम्स वर्ल्ड रैंकिंग 500 या उससे कम होनी चाहिए।योजना के तहत वित्तीय सहायताचयनित छात्रों को ट्यूशन फीस, रखरखाव भत्ता, आकस्मिक व्यय और यात्रा व्यय को कवर करते हुए वित्तीय सहायता प्राप्त होगी। सरकार या तो वास्तविक ट्यूशन शुल्क राशि या अधिकतम 40,000 अमेरिकी डॉलर सालाना प्रदान करेगी।इसके अलावा, छात्रों को प्रति वर्ष 9,000 अमेरिकी डॉलर का रखरखाव भत्ता और सालाना 1,000 अमेरिकी डॉलर का आकस्मिक भत्ता मिलेगा। यह योजना वीज़ा शुल्क के साथ-साथ अध्ययन के देश से आने-जाने के लिए वास्तविक यात्रा व्यय को भी कवर करेगी।चयन प्रक्रिया और आवेदन विवरणमुख्यालय स्तर पर नोडल विभाग द्वारा जारी विज्ञापन के माध्यम से आवेदन आमंत्रित किये जा रहे हैं। छात्रवृत्ति कार्यक्रम के तहत हर साल अधिकतम 50 छात्रों का चयन किया जाएगा।छात्र उच्च शिक्षा विभाग की वेबसाइट के माध्यम से अतिरिक्त जानकारी और आवेदन-संबंधी विवरण प्राप्त कर सकते हैं। विभाग ने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म के माध्यम से भी अपडेट साझा किया है।